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भारत में इस जगह शादी से पहले बच्चा पैदा करना होता है जरूरी, उसके बाद ही लड़की वाले करते है रिश्ता मंजूर

देश के अलग-अलग हिस्सों में शादी के अलग-अलग रीति रिवाज बने हुए हैं। जो सबको सोचने में मजबूर कर देते हैं। हालांकि हमारे हिंदू धर्म में भी कई तरह की शादी की रस्में निभाई जाती हैं।
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देश के अलग-अलग हिस्सों में शादी के अलग-अलग रीति रिवाज बने हुए हैं। जो सबको सोचने में मजबूर कर देते हैं। हालांकि हमारे हिंदू धर्म में भी कई तरह की शादी की रस्में निभाई जाती हैं। ऐसे ही देश में भी कुछ जगहों पर अजीबो-गरीब रस्म अदा की जाती है जिसे जानकर आप हैरान रह जाएंगे।

भारत में ज‍िस तरह अलग-अलग जनजातियां रहती हैं, उसी तरह उनकी परंपराएं भी अलग-अलग होती हैं। लेकिन शादी के मामले में कई प्रथाएं बड़ी ही अनोखी हैं हमारे देश में शादी के दौरान दूल्हा-दुल्हन एक साथ कई सारी रस्में निभाते हैं। यह रस्में हर कल्चर और समाज के हिसाब से अलग-अलग होती हैं।

इनमें से कुछ रीति रिवाज ऐसे होते हैं, जिन्हें जानकर लोग दंग रह जाते हैं। जैसे की कहीं पर बच्चा पैदा करने के बाद लड़कियों की शादी होती है, तो कहीं भाई अपनी बहन की मांग भरता है। तो चलिए आज हम आपको बताते हैं ऐसे ही 5 अजब गजब शादी की परंपराओं के बारे में जिसे जानकर आप भी सोचने को मजबूर हो जाएंगे…

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सभी भाइयों से होती है शादी

भारत के हिमाचल प्रदेश के किन्नौर क्षेत्र में एक युवती का विवाह परिवार के सभी भाइयों के साथ किया जाता है। सुनने में थोड़ा अजीब जरूर लग रहा है, लेकिन ये सच है। यहां रहने वाले लोग इस प्रथा को पांडवों के अज्ञातवास से जोड़ते है।

स्थानीय लोगों की मान्यता है कि महाभारत काल के दौरान पांडवों ने द्रौपदी और मां कुंती के साथ अज्ञातवास के कुछ पल किन्नौर जिले की गुफाओं में बिताए थे, इसलिए यहां के लोग इस कल्चर को निभाते हैं और आज भी यहां बहुपति विवाह किए जाते हैं। यहां शादी के दिन ही एक दुल्हन के लिए सभी भाई दूल्हा बनकर आते हैं।

शादी से पहले बनाना होता है शारीरिक संबंध

भारत के अलग-अलग हिस्सों में विभिन्न प्रकार के लोग रहते हैं। सभी अपने समाज के नियमों के अनुरूप ही शादी करते हैं। राजस्थान के सिरोही और पाली जिले में गरासिया जनजाति के लोगों में शादी की एक अजब गजब परंपरा है। यहां शादी से पहले बच्चे पैदा करना शुभ माना जाता है।

बता दें यह परंपरा 1000 साल से पहले से चली आ रही है। यहां लड़के-लड़कियों को शादी से पहले शारीरिक संबंध बनाना जरुरी होता है और अगर बच्चा हो जाता है तो इनकी शादी करा दी जाती है, नहीं तो उनकी शादी नहीं होती है।

भाई-बहन कर लेते हैं शादी

शादी की रश्मों-रिवाजों में छत्तीसगढ़ के धुरवा आदिवासी समाज का नाम भी शामिल है। यहां भाई बहन आपस में ही शादी कर लेते हैं। हालांकि, शादी सगे भाई बहनों में नहीं होती है।

यहां मामा बुआ के बच्चे आपस में ही शादी कर लेते हैं। इतना ही नहीं अगर यहां शादी करने के लिए इंकार किया जाता है तो जुर्माना भरना पड़ता है।

यहां मामा-भांजी में होती है शादी

भारत के दक्षिण हिस्सों में शादी की अजीब-गरीब रश्में निभाई जाती हैं। साउथ इंडियन कल्चर में कई जगह शादी को लेकर एक अजीब परंपरा है। यहां पर कुछ जनजाति के लोग मामा भांजी की शादी ही करवा देते हैं।

इसके पीछे की वजह प्रॉपर्टी को बताया जाता है ताकि बहन अपने मायके में अपना हक ना मांग लें, इसलिए मामा अपनी भांजी से ही शादी करके उसे घर ले आता है।

एक महिला के होते हैं कई पति

भारत के मेघालय में कुछ जनजाति में महिलाओं को एक से अधिक शादी करने की आजादी होती है। वह जितनी चाहे उतनी शादी कर सकती है और एक साथ कई पतियों के साथ भी रह सकती है। हालांकि, पिछले कुछ समय से इस प्रथा को बंद करने की मांग की जा रही है।