Property Rules: भारत में इन 5 जगहों पर जमीन खरीदने के लिए है खास नियम, करोड़पति लोग भी नही खरीद सकते
हर व्यक्ति की चाहत होती है कि वह अपने खुद के घर (Own House) में रहे, एक सपना जो हर किसी के दिल में होता है। लेकिन भारत में कुछ ऐसे विशेष क्षेत्र हैं जहां पर जमीन खरीदने की अनुमति नहीं है। यह प्रतिबंध (Ban on Buying Land) मुख्यतः उन क्षेत्रों में लागू होता है जो या तो रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण हैं या फिर वहां के स्थानीय निवासियों की सांस्कृतिक और सामाजिक पहचान की रक्षा के लिए है।
हिमाचल प्रदेश
हिमाचल प्रदेश (Himachal Pradesh), जो अपने प्राकृतिक सौंदर्य (Natural Beauty) और हिल स्टेशन (Hill Station) के लिए प्रसिद्ध है, वहां पर भी गैर-कृषक या बाहरी निवासियों को जमीन खरीदने की अनुमति नहीं है। 1972 के भूमि कानून (Land Law) की धारा 118 के तहत, यह प्रतिबंध सुनिश्चित करता है कि स्थानीय समुदायों की जमीन और संसाधन उनके ही नियंत्रण में रहें।
नागालैंड
नागालैंड (Nagaland) में वर्ष 1963 में आर्टिकल 371A (Article 371A) के प्रावधान के तहत, गैर-नागरिकों को जमीन खरीदने की अनुमति नहीं है। यह कदम नागालैंड के आदिवासी समाजों की सांस्कृतिक पहचान और स्वामित्व (Cultural Identity and Ownership) की रक्षा के लिए उठाया गया है।
सिक्किम
सिक्किम (Sikkim) में, भारतीय संविधान का अनुच्छेद 371F (Article 371F) सिक्किम के निवासियों को विशेष अधिकार प्रदान करता है, जिससे वे ही जमीन खरीद (Land Purchase) सकते हैं। इस प्रावधान का उद्देश्य सिक्किम के जनजातीय क्षेत्रों और उनकी संपत्तियों की रक्षा करना है।
अरुणाचल प्रदेश
अरुणाचल प्रदेश (Arunachal Pradesh), जो अपने पर्यटन स्थलों (Tourist Places) के लिए मशहूर है, वहां पर भी प्रॉपर्टी खरीदने की अनुमति नहीं है। यहां पर कृषि भूमि को सरकारी अनुमोदन (Government Approval) के बाद ही जमीन को ट्रांसफर किया जा सकता है।